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कोरेक्स समेत करीब 347 फिक्स डोज कांबिनेशन ड्रग्ज को किया प्रतिबंधित

350 दवा पर लगा प्रतिबन्ध
350 दवा पर लगा प्रतिबन्ध

भारत सरकार ने खांसी-जुकाम, डायबिटीज और एंटीबायोटिक समेत लगभग 347 दवाइयों के उत्पादन, वितरण और बिक्री पर रोक लगा दी है। स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से गठित एक्सपर्ट कमेटी की सिफारिश पर इन दवाइयों को तत्काल प्रभाव से प्रतिबंधित कर दिया है।
मानव शरीर पर प्रतिकूल असर के मद्देनजर इन फिक्स डोज कांबिनेशन ड्रग्स को बैन किया गया है। फिक्स डोज कांबिनेशन ड्रग्ज में दो या इससे अधिक दवाइयां की एक ही डोज होती हैं। इसकी अधिसूचना जारी करते हुए केंद्र सरकार ने इन दवाइयों के करीब 15 हजार ब्रांड को 15 दिन के भीतर बाजार से उठाने के आदेश जारी कर दिए हैं।
केंद्र सरकार ने इन आदेशों से फार्मा हब हिमाचल के बद्दी, बरोटीवाला और नालागढ़ (बीबीएन) में दवा निर्माता कंपनियों में हड़कंप मच गया है। बैन की गईं इन 347 दवाओं में से 32 से 40 फीसदी बीबीएन में तैयार होती हैं।
जानकारी के अनुसार करीब चार साल पहले स्वास्थ्य मंत्रालय ने फिक्स डोज कांबिनेशन ड्रग्स के स्वास्थ्य पर असर के अध्ययन के लिए एक एक्सपर्ट कमेटी का गठन किया। कमेटी ने लंबे अध्ययन के बाद सिफारिश की है कि ये दवाएं स्वास्थ्य के लिए खतरनाक हो सकती हैं।
इनके विकल्प में सुरक्षित दवाइयां पहले से ही उपलब्ध हैं, लिहाजा इन्हें प्रतिबंधित किया जाए। कमेटी की सिफारिश पर दो दिन पहले भारत सरकार ने करीब 347 फिक्स डोज कांबिनेशन ड्रग्ज की बिक्री और उत्पादन पर रोक लगा दी है।
कोरेक्स जैसी कई दवाओं पर प्रतिबंध
खांसी की दवा कोरेक्स समेत करीब 347 फिक्स डोज कांबिनेशन ड्रग्ज को प्रतिबंधित किया गया है। इनमें खांसी-जुकाम की 150, डायबिटीज की 50 दवाओं के अतिरिक्त एंटीबायोटिक व कुछ अन्य दवाइयां शामिल हैं।
हाईकोर्ट ने लगाया स्टे 
कोरेक्स दवा पर प्रतिबन्ध के खिलाफ कंपनी हाईकोर्ट चली गई जहाँ कोर्ट ने इसपर स्टे लगा दिया है।
हिमाचल में एबोट कंपनी की खांसी दवा फेंसी ड्रिल, फाईजर कंपनी की कोरेक्स, आईंटमेट एवं मैकलोड कंपनी की स्किन दवा पेनट्रम, एलंबिक कंपनी की दर्द निवारण दवा सूमो व सिपला की सर्दी-जुकाम की दवा चेस्टनकोल्ड के उत्पादन एवं बिक्री पर भी रोक लगा दी गई है।
भारत सरकार ने फिक्स डोज कांबिनेशन ड्रग्ज की 347 दवाओं पर रोक लगा दी है। इसकी अधिसूचना भी जारी हो गई है। प्रतिबंधित की गई दवाओं के बाजार में सुरक्षित विकल्प मौजूद हैं। प्रतिबंधित की गई दवाइयां मार्केट से मंगवाकर उन्हें नष्ट करवाया जाएगा।- नवनीत मरवाह, स्टेट ड्रग कंट्रोलर
स्वस्थ भारत अभियान के राष्ट्रीय संयोजक आशुतोष कुमार सिंह ने संतोष जताते हुवे कहा की बिगत बर्षों में कोरेक्स जैसे तमाम नशीली दवाओं का इस्तेमाल नशे की लिए किया जा रहा था । ड्रग माफिया इन दवाओं का इस्तेमाल धड़ल्ले से कर रहे था ! वहीँ देश भर के फार्मासिस्ट संगठनों ने सरकार के इस फैसले का स्वागत किया है ।

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