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कितने सुरक्षित हैं विटामिन सप्लीमेंट?

डॉ. आर. कांत

नयी दिल्ली। विटामिन और खनिज की खुराक लेना एक अल्पकालिक उपाय है। कुछ उच्च खुराक वाले अनुपूरकों के लंबे समय तक उपयोग से विषाक्तता के लक्षण हो सकते हैं। यदि आपको लगता है कि आपमें कुछ विटामिन और खनिजों की कमी हो सकती है, तो पूरक आहार लेने के बजाय अपने आहार और जीवनशैली में बदलाव करना बेहतर होगा।

मल्टीविटामिन के नुकसान भी

मल्टीविटामिन आम तौर पर तब तक सुरक्षित होते हैं जब तक वे DRI दिशानिर्देशों के अंतर्गत पोषक तत्व स्तर प्रदान करते हैं। जब कुछ लोग पहली बार मल्टीविटामिन लेना शुरू करते हैं तो उन्हें आंत संबंधी दुष्प्रभावों का अनुभव होता है, लेकिन ये आमतौर पर जल्दी ठीक हो जाते हैं। अन्य दुष्प्रभाव दुर्लभ हैं। मल्टीविटामिन लेने से पोषक तत्वों की कमी या असंतुलन भी हो सकता है क्योंकि एक पोषक तत्व का बहुत अधिक सेवन शरीर में अन्य पोषक तत्वों के अवशोषण या उपयोग में हस्तक्षेप कर सकता है। उदाहरण के लिए बहुत अधिक विटामिन C, आयरन के अवशोषण में हस्तक्षेप कर सकता है।

रोजाना कितने विटामिन D की जरूरत?

12 महीने तक के बच्चे को रोजना 400 इंटरनेशनल यूनिट (IU) विटामिन डी की जरूरत होती है जबकि एक साल से लेकर 70 साल की उम्र तक के लोगों के लिए 600 IU विटामिन D की जरूरत होती है। जब इंसान की उम्र 70 साल से ज्यादा हो जाए तो उसे 800 IU विटामिन D की जरूरत होती है।

नहीं करें अंधाधुंध प्रयोग

इसका बहुत ज्यादा सेवन करने की वजह से आपके शरीर में वॉटररिटेंशन, सूजन व वजन बढ़ने की समस्या हो सकती है। इसकी वजह से आपके पाचन तंत्र को भी गंभीर नुकसान हो सकता है। बहुत ज्यादा मात्रा में जिम सप्लीमेंट के सेवन करने की वजह से आपके शरीर में न्यूट्रिशन इम्बैलेंस हो सकता है।

(लेखक दिल्ली के लोकप्रिय होमियोपैथ डॉक्टर हैं)

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